वाराणसी पुलिस ने कफ सिरप कांड के आरोपी शुभम जायसवाल पर बढ़ाया इनाम
वाराणसी के कफ सिरप कांड के वांटेड आरोपी शुभम जायसवाल पर वाराणसी पुलिस ने **इनाम की राशि** बढ़ा दी है। पहले 25,000 रुपये का इनाम घोषित किया गया था, जिसे अब बढ़ाकर **50,000 रुपये** कर दिया गया है। यह निर्णय तब लिया गया जब शुभम की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कोशिशें विफल रहीं। पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि शुभम जायसवाल लगातार फरार है और उसकी गिरफ्तारी के लिए सभी संभव प्रयास किए जा रहे हैं।
पुलिस ने बताया कि शुभम जायसवाल कफ सिरप की तस्करी का मुख्य सरगना है और उसके खिलाफ कई मामले दर्ज हैं। उसने एक महीने में कोर्ट में हाजिर नहीं होने के कारण पुलिस ने इनाम राशि बढ़ाने का निर्णय लिया। पुलिस ने यह भी कहा कि शुभम के विदेश भागने की सूचना के चलते रेड कार्नर नोटिस जारी करने की प्रक्रिया भी चल रही है।
लुकआउट नोटिस जारी, पुलिस की सक्रियता बढ़ी
पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल ने कहा कि शुभम के खिलाफ लुकआउट नोटिस भी जारी किया गया है। इसके कई साथियों और उसके पिता को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस की विशेष जांच टीम (SIT) इस मामले की जांच कर रही है और जल्द ही रिपोर्ट कोर्ट में पेश की जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि शुभम अभी भी फरार है, तो उसे विदेश से वापस लाने के लिए हर संभव प्रयास किए जाएंगे।
वाराणसी पुलिस ने कफ सिरप के गोदामों पर छापेमारी कर कई महत्वपूर्ण सबूत भी जुटाए हैं। पुलिस की टीमें लगातार कार्यवाही कर रही हैं और इस मामले में सभी आरोपियों को न्याय के कटघरे में लाने की कोशिश कर रही हैं।
कफ सिरप कांड में क्या हुआ अब तक?
वाराणसी में कफ सिरप कांड की जांच में पुलिस ने पहले ही कई आरोपियों को गिरफ्तार किया है। शुभम जायसवाल के साथी महेश सिंह पर भी 25,000 रुपये का इनाम घोषित किया गया है। इसके अलावा, शुभम के अन्य भागीदारों को भी गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने बताया कि कफ सिरप के इस सिंडीकेट में कई राज्यों के लोग शामिल हैं और इसकी जड़ें काफी गहरी हैं।
पुलिस की जांच में यह भी सामने आया है कि शुभम जायसवाल के साथ अन्य कई लोग भी इस कांड में शामिल हैं, जिनके खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। जांच में पता चला है कि शुभम के पास विदेशों में ठिकाने बनाने की जानकारी भी मिली है। इस मामले में कुल 38 फर्मों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
ड्रग्स सप्लाई पर FSDA और ED की कार्रवाई
फूड सेफ्टी एंड ड्रग्स एडमिनिस्ट्रेशन (FSDA) ने कफ सिरप के माफियाओं के खिलाफ सख्त कदम उठाए हैं। उन्होंने कई शेल फर्मों के खिलाफ कार्रवाई की है, जो नशे के लिए कोडीन सिरप की सप्लाई कर रही थीं। वाराणसी में 26 फर्मों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है और अन्य जिलों में भी इसी प्रकार की कार्रवाई की जा रही है।
वहीं, प्रवर्तन निदेशालय (ED) भी इस मामले में सक्रिय है। उन्होंने मनी लॉन्ड्रिंग के तहत केस दर्ज किया है, जिसमें रैकेट की आर्थिक गतिविधियों की जांच की जा रही है। ED की टीम वाराणसी में सक्रिय है और इस मामले में शुभम जायसवाल के ठिकानों पर छापेमारी कर रही है।
निष्कर्ष
वाराणसी पुलिस और अन्य जांच एजेंसियों की सक्रियता से यह स्पष्ट है कि कफ सिरप कांड के पीछे एक बड़ा तस्करी का नेटवर्क काम कर रहा है। शुभम जायसवाल की गिरफ्तारी के लिए सभी प्रयास किए जा रहे हैं, और पुलिस का लक्ष्य है कि जल्द से जल्द सभी आरोपियों को न्याय के कटघरे में लाया जाए। इस मामले में जो भी लोग शामिल हैं, उन सभी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल ने कहा कि इस प्रकार के मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी आरोपी जल्द ही पकड़े जाएंगे। वाराणसी पुलिस अपनी पूरी ताकत के साथ इस मामले को सुलझाने के लिए प्रतिबद्ध है।






