संभल में ठंड की चपेट में लोग, मौसम का हाल
संभल, उत्तर प्रदेश – यहां पर न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है, जबकि वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 190 के स्तर पर है। घने कोहरे के कारण दृश्यता 15 से 20 मीटर तक सीमित हो गई है, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ है। ठंडी हवाएं, जो 14 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही हैं, ने गलन को और बढ़ा दिया है।
मौसम विभाग की भविष्यवाणी
मौसम विभाग के अनुसार, आज दिन का तापमान 19 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ने की उम्मीद है। पिछले दिन धूप निकलने के बाद, आज मौसम सामान्य रहा, लेकिन कोहरे की दस्तक ने सड़क यातायात को प्रभावित किया है। जैसे कि अलीगढ़-बरेली पैसेंजर ट्रेन ढाई घंटे की देरी से चल रही है।
संभल में मौसम में बदलाव के साथ-साथ सभी क्षेत्रों में कोहरे का असर देखा जा रहा है। शहरी इलाकों में कोहरे से थोड़ी राहत मिली है, वहीं गंगा किनारे की तहसील गुन्नौर में घना कोहरा छाया रहा। ग्रामीण लोग ठंड से बचने के लिए अलाव जलाते हुए देखे गए।
रेलवे और स्कूलों पर प्रभाव
चंदौसी रेलवे स्टेशन पर भी कई ट्रेनें घंटों देरी से पहुंचीं। इनमें जनशताब्दी एक्सप्रेस 3 घंटे और लखनऊ लिंक एक्सप्रेस ढाई घंटे की देरी से चल रही हैं। ठंड को देखते हुए, जनपद में नर्सरी से इंटरमीडिएट तक के स्कूलों में 23 और 24 दिसंबर को दो दिन का अवकाश घोषित किया गया है।
स्वास्थ्य सेवाओं पर असर
मौसम में इस बदलाव के चलते जिला संयुक्त चिकित्सालय संभल, सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और निजी अस्पतालों में मरीजों की लंबी कतारें देखी जा रही हैं। डॉ. रामलाल यादव के अनुसार, मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। पहले जहां प्रतिदिन 700-800 ओपीडी होती थी, वहीं अब यह संख्या 100 ओपीडी बढ़ चुकी है।
डॉ. यादव ने बताया कि ठंड के मौसम में लापरवाही बरतने से बच्चों में निमोनिया और डायरिया जैसी समस्याएं बढ़ रही हैं। उन्होंने सलाह दी कि छोटे बच्चों को गर्म पानी से नहलाना चाहिए और जितना संभव हो उतना कम नहलाना चाहिए।
अधिक ठंड की संभावना
संभल, चंदौसी, बहजोई और असमोली का तापमान 12 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि गुन्नौर, गंवा, जुनावई, रजपुरा, बबराला, नरौली और सिरसी में तापमान 13 डिग्री सेल्सियस रहा। ADM प्रदीप वर्मा ने बताया कि सभी निकायों में अलाव की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं। ठंड से बचाव के लिए जगह-जगह रैन बसेरे भी बनाए गए हैं।
निष्कर्ष
संभल में ठंड का मौसम अपने चरम पर है, और इसके चलते स्वास्थ्य सेवाओं पर भी असर पड़ा है। लोग ठंड से बचने के लिए उपाय कर रहे हैं। मौसम में बदलाव के चलते प्रशासन ने भी आवश्यक कदम उठाए हैं, जैसे कि स्कूलों में छुट्टियां और रैन बसेरों की व्यवस्था। आने वाले दिनों में और अधिक ठंड पड़ने की संभावना है, जिससे लोगों को सावधान रहने की जरूरत है।






