कानपुर देहात में किसान कल्याण दिवस का आयोजन
बलराम जी चतुर्वेदी | कानपुर देहात – मंगलवार को कानपुर देहात में पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह की जयंती को किसान कल्याण दिवस के रूप में मनाया गया। इस विशेष अवसर पर माती स्थित इको पार्क में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसमें सांसद देवेंद्र सिंह भोले मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलित कर और चौधरी चरण सिंह के चित्र पर माल्यार्पण करके की गई। इस अवसर पर जिलाधिकारी कपिल सिंह, पुलिस अधीक्षक श्रद्धा नरेंद्र पांडे और मुख्य विकास अधिकारी लक्ष्मी नागापन भी उपस्थित थे।
हर साल 23 दिसंबर को पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह का जन्मदिवस किसान कल्याण दिवस के रूप में मनाया जाता है। इस वर्ष भी इस परंपरा को निभाते हुए कार्यक्रम का आयोजन माती के इको पार्क में किया गया। चौधरी चरण सिंह की नीतियों और उनके किसानों के प्रति समर्पण को याद करते हुए, कार्यक्रम में कई गतिविधियों का आयोजन किया गया।
सांसद ने किसानों के हित में सरकार की सराहना की
सांसद देवेंद्र सिंह भोले ने अपने संबोधन में कहा कि चौधरी चरण सिंह का जीवन किसानों के उत्थान के लिए समर्पित रहा। उन्होंने बताया कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने चौधरी चरण सिंह के जन्मदिवस को किसान दिवस के रूप में मनाने की शुरुआत की थी, जो आज भी जारी है।
कार्यक्रम स्थल पर विभिन्न कंपनियों और कृषि उत्पादक संगठनों द्वारा स्टॉल लगाए गए थे। इन स्टॉलों के माध्यम से किसानों को कृषि संबंधी नवीनतम जानकारी और उत्पाद उपलब्ध कराए गए। किसानों के लिए यह एक सुनहरा अवसर था जहाँ उन्हें नई तकनीकों और उत्पादों के बारे में जानकारी मिली।
किसान कल्याण के लिए केंद्र और राज्य सरकार की योजनाएं
सांसद भोले ने केंद्र और राज्य की “डबल इंजन” सरकार की तारीफ की और कहा कि यह सरकार किसानों के हित में लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने बताया कि सरकार किसानों को सम्मान निधि का लाभ देने के साथ-साथ विभिन्न कृषि यंत्रों की खरीद पर आर्थिक सहायता भी प्रदान कर रही है। यह कदम किसानों की आर्थिक स्थिति को सुधारने के लिए महत्वपूर्ण साबित हो रहा है।
सांसद ने कहा कि पहले किसानों की उपज अधिक होने पर बाजार में कीमतें गिर जाती थीं। लेकिन भाजपा सरकार ने इस समस्या का समाधान न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की घोषणा करके किया है। वर्तमान में लगभग सभी प्रमुख फसलों की सरकारी खरीद शुरू की गई है। उन्होंने बताया कि अब धान, बाजरा और ज्वार के लिए विभिन्न स्थानों पर खरीद केंद्र खोले गए हैं, जहाँ किसान पंजीकरण कराकर अपनी फसल उचित दाम पर बेच सकते हैं।
किसानों की खुशहाली के लिए योजनाएं
सांसद ने जोर देकर कहा कि इन योजनाओं से देश और प्रदेश का किसान खुशहाल हो रहा है। उन्होंने कहा कि किसान अब अपनी मेहनत की सही कीमत पा रहे हैं और यह सरकार के प्रयासों का परिणाम है। किसानों के लिए ऐसी योजनाएं एक महत्वपूर्ण बदलाव लाने में सक्षम साबित हो रही हैं।
कार्यक्रम में उपस्थित किसानों और अन्य लोगों ने भी चौधरी चरण सिंह की नीतियों और उनके प्रति अपने सम्मान को व्यक्त किया। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम ने किसानों के कल्याण और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए सरकार की प्रतिबद्धता को एक बार फिर से उजागर किया।
किसान कल्याण दिवस पर आयोजित इस कार्यक्रम ने न केवल चौधरी चरण सिंह को याद किया बल्कि किसानों के उत्थान के लिए सरकार द्वारा उठाए गए कदमों की भी सराहना की। यह कार्यक्रम किसानों के लिए एक प्रेरणा का स्रोत बना और उनकी आवाज को उठाने का एक मंच प्रदान किया।
कानपुर देहात में आयोजित इस कार्यक्रम ने यह स्पष्ट किया कि सरकार किसानों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है और उनके उत्थान के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। भविष्य में भी किसानों की भलाई के लिए ऐसे कार्यक्रम और योजनाएं जारी रहनी चाहिए।






