उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण का अभियान जारी
उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान का कार्य तेजी से चल रहा है। इस अभियान के तहत जहां एक ओर मतदाता सूची को अपडेट किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर आगामी लोकसभा एवं विधानसभा चुनावों के लिए बूथों का निर्धारण भी किया जा रहा है। नए नियमों के अनुसार, अब एक बूथ पर **1200** से अधिक मतदाताओं को नहीं रखा जाएगा, जिससे मतदान प्रक्रिया को और अधिक सुगम बनाने में मदद मिलेगी।
इस विशेष अभियान के तहत फार्म भरवाने के लिए विभिन्न स्थानों पर कैंप भी लगाए गए हैं, ताकि मतदाता आसानी से अपने नामों को सूची में जोड़ सकें। इसके साथ ही, मतदाता सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए, बूथों का स्थान भी जनप्रतिनिधियों की सलाह पर तय किया जा रहा है। इस संबंध में हाल ही में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनप्रतिनिधियों, पार्षदों और बूथ अध्यक्षों के साथ एक बैठक भी की थी, जिसमें अधिकतम सुविधा प्रदान करने पर जोर दिया गया।
बूथों के नजदीकी की मांग
सीएम योगी आदित्यनाथ द्वारा की गई बैठक के दौरान, दिग्विजयनगर वार्ड के पार्षद ऋषि मोहन वर्मा ने कई क्षेत्रों के मतदान केंद्रों को नजदीक स्थानांतरित करने की मांग की है। उन्होंने जनप्रिय विहार, दिग्विजयनगर, लाजपतनगर, साकेतनगर, और हुमायूंपुर उत्तरी जैसे मोहल्लों में रहने वाले मतदाताओं की समस्याओं का जिक्र किया। वर्तमान में इन क्षेत्रों के मतदाताओं को लगभग **दो किलोमीटर** दूर इस्लामिया गर्ल्स इंटर कालेज, जहीदाबाद में मतदान करने जाना पड़ता है, जो कि एक कठिनाई का कारण बन रहा है।
इस प्रकार की समस्याएं अन्य वार्डों में भी देखी जा रही हैं, जहां मतदाताओं को अपने मतदान केंद्रों तक पहुंचने में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। जनप्रतिनिधियों का यह प्रयास निश्चित रूप से चुनावी प्रक्रिया में सुधार लाने में मददगार साबित होगा।
किस विधानसभा में कितने बूथ हैं?
बूथों के पुनर्गठन के बाद विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में मतदेय स्थलों की संख्या में वृद्धि हुई है। उदाहरण के लिए:
- कैम्पियरगंज में मतदेय स्थलों की संख्या **393** से बढ़कर **438** हो गई है।
- पिपराइच में यह संख्या **408** से **449** हो गई है।
- गोरखपुर शहर में मतदेय स्थलों की संख्या **417** से बढ़कर **457** हो गई है।
- गोरखपुर ग्रामीण में यह **399** से **435** हो गई है।
- सहजनवां में **421** से **451** और खजनी (अ.जा.) में **407** से **455** हो गई है।
- चौरीचौरा में **364** से बढ़कर **403** और बांसगांव (अ.जा.) में **405** से **444** हो गई है।
- चिल्लूपार में मतदेय स्थलों की संख्या **465** से बढ़कर **515** हो गई है।
दावे-आपत्तियों का निस्तारण
उप जिला निर्वाचन अधिकारी विनीत कुमार सिंह ने जानकारी दी है कि अब किसी भी बूथ पर **1200** से अधिक मतदाता नहीं रहेंगे। बूथों के पुनर्गठन के बाद नए बढ़े बूथों की सूची का आलेख्य प्रकाशन पहले ही कर दिया गया है। इसके अलावा, प्राप्त दावों और आपत्तियों का निस्तारण भी किया जा चुका है। अब इस संबंध में ऑनलाइन फीडिंग की प्रक्रिया शुरू की जाएगी, और **31** तारीख को बूथों का अंतिम प्रकाशन किया जाएगा।
इस प्रकार, उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के अंतर्गत विभिन्न कदम उठाए जा रहे हैं, जिससे मतदाता सुविधाओं में सुधार होगा और चुनावी प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी बनाया जा सकेगा।






