बिहार: विवाहिता अनोखी देवी की हत्या का मामला, ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप
मृतका अनोखी देवी की फाइल फोटो।
बिहार के दरभंगा जिले के घनश्यामपुर थाना क्षेत्र के देवथा गांव में एक विवाहिता की हत्या का मामला सामने आया है। मृतका की पहचान अनोखी देवी के रूप में हुई है, जो लंबे समय से गंभीर बीमारी से जूझ रही थी। परिजनों ने आरोप लगाया है कि दामाद घूरन यादव और उसकी दूसरी पत्नी रुक्मणी ने मिलकर अनोखी को दूध में जहर देकर मार डाला। घटना के बाद से आरोपी पति फरार है, जबकि मायका पक्ष ने न्याय की गुहार लगाई है।
दामाद पर गंभीर आरोप, अनोखी की जिंदगी की दास्तान
मृतका अनोखी देवी की शादी चार साल पहले मधुबनी जिले के भेजा थाना क्षेत्र के भेलाही टोला में हुई थी। मायका पक्ष का कहना है कि शादी के केवल 10 दिन बाद ही पति ने उसे मायके छोड़ दिया। अनोखी के गर्भवती होने के बाद उसने एक बेटे को जन्म दिया, जो अभी साढ़े तीन साल का है। इस दौरान, आरोप है कि उसके पति ने उसकी नाबालिग चचेरी बहन से शादी कर ली।
अन्य जानकारी के अनुसार, गर्भावस्था के सातवें महीने में घूरन यादव ने अनोखी की चचेरी बहन रुक्मणी को बहला-फुसलाकर दिल्ली ले जाकर उससे शादी कर ली। इस बात को छुपाकर रखा गया और ससुराल पक्ष ने पंचायत में भी इस मामले से इनकार किया। करीब दो महीने पहले, अनोखी के भैंसुर ने उसे ससुराल ले जाने का भरोसा दिया, जिसके बाद परिजनों ने उसे वापस ससुराल भेज दिया।
जहर देकर तड़पने के लिए छोड़ दिया गया: मायका पक्ष का आरोप
मायका पक्ष के अनुसार, अनोखी के ससुराल पहुंचने के कुछ ही दिन बाद उसे दूध में जहर मिलाकर पिलाया गया और भूसा के घर में छिपाकर रखा गया। उसके परिजनों को इस बारे में जानकारी तब मिली जब ग्रामीणों ने उन्हें सूचित किया। जब परिजन वहां पहुंचे, तो अनोखी गंभीर हालत में तड़प रही थी। परिजनों ने उसे तुरंत डीएमसीएच दरभंगा में भर्ती कराया, लेकिन आरोप है कि उसके पति ने उसे वहां से एक निजी अस्पताल में भर्ती करवा दिया, ताकि मामला दबाया जा सके।
करीब 10 दिनों तक इलाज के बाद अनोखी की मौत हो गई। उसके पति ने अस्पताल से भागने के बाद खुद को छिपा लिया। मृतका के भाई कुलदीप यादव ने जानकारी दी कि ससुराल पक्ष ने इलाज में कोई मदद नहीं की, जबकि मायका पक्ष को लाखों रुपये खर्च करने पड़े।
घटनाक्रम में पंचायत की भूमिका, परिजनों की मांग
कुलदीप ने बताया कि जब घूरन ने उसकी चचेरी बहन से शादी की थी, तो पंचायत में इस बात पर सहमति बनी थी कि दोनों बहनें जीजा के साथ रहेंगी। लेकिन अनोखी की हत्या के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। अब वे आरोपियों की गिरफ्तारी और न्याय की मांग कर रहे हैं।
मृतका की मां इन्द्रकला देवी ने बताया कि शादी में उन्हें करीब पांच लाख रुपये, बाइक, फर्नीचर और गहने दिए गए थे। अब उनकी बेटी की हत्या कर दी गई है और उनके पीछे एक मासूम बच्चा रह गया है, जिसके भविष्य को लेकर चिंता बनी हुई है।
समाजसेवियों की प्रतिक्रिया और प्रशासन से गुहार
समाजसेवी प्रियंका झा ने इस घटना को “दरिंदगी की हद” बताया। उन्होंने कहा कि एक महिला को ससुराल में बुलाकर जहर देना और इलाज के नाम पर साजिश करना अत्यंत अमानवीय है। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो, दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा मिले और मृतका के मासूम बेटे को सहायता प्रदान की जाए।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वे इस मामले में पति घूरन यादव, उसकी दूसरी पत्नी रुक्मणी और ससुराल पक्ष के अन्य सदस्यों की गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं। साथ ही, प्रशासन से पीड़ित परिवार और मासूम बच्चे को न्याय और सुरक्षा देने की गुहार लगाई गई है।
बेंता पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया चल रही है। इस घटनाक्रम ने समाज में महिलाओं की सुरक्षा और उनके अधिकारों को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। आशा है कि प्रशासन जल्द ही इस मामले में उचित कार्रवाई करेगा।






