जमुई में अंतर्राष्ट्रीय किसान दिवस पर मेला आयोजित
जमुई के मलयपुर स्थित जिला कृषि कार्यालय परिसर में मंगलवार को अंतर्राष्ट्रीय किसान दिवस के अवसर पर दो दिवसीय किसान मेला सह कृषि प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में जिला पदाधिकारी नवीन कुमार, अनुमंडल पदाधिकारी सौरव कुमार और जिला कृषि पदाधिकारी ब्रजेश कुमार ने भाग लिया। यह मेला देश के पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह के जन्मदिन के उपलक्ष्य में मनाया गया, जिसका मुख्य उद्देश्य किसानों को सम्मान देना और उन्हें आधुनिक कृषि तकनीकों से जोड़ना है।
जिला कृषि पदाधिकारी ब्रजेश कुमार ने बताया कि इस मेले का आयोजन किसानों की आय बढ़ाने और कृषि को अधिक लाभकारी बनाने के लिए किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार विभिन्न योजनाओं के माध्यम से किसानों को लाभ पहुंचाने का प्रयास कर रही है। किसानों को नवीनतम तकनीकों से अवगत कराने और उनकी समस्याओं का समाधान करने का यह एक महत्वपूर्ण मंच है।
सरकारी योजनाओं की जानकारी
इस मेले में किसानों को कई महत्वपूर्ण सरकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। इन योजनाओं में शामिल हैं:
- प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना
- कृषि यांत्रिकीकरण योजना
- फसल बीमा योजना
- किसान क्रेडिट कार्ड योजना
- परंपरागत खेती विकास योजना
- डिजिटल क्रॉप सर्वे
अधिकारियों और कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को इन कल्याणकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाने के लिए जागरूक किया। इस प्रकार की जानकारी से किसानों को सही दिशा में आगे बढ़ने में मदद मिलेगी।
कृषि प्रदर्शनी में स्टॉल्स की व्यवस्था
कृषि प्रदर्शनी में किसानों द्वारा उत्पादित फसलों के 15 प्रकार के स्टॉल लगाए गए थे। इन स्टॉलों में उन्नत बीज, विभिन्न प्रकार की सब्जियां, अनाज और नवाचार आधारित कृषि उत्पाद प्रदर्शित किए गए। यह प्रदर्शनी न केवल किसानों के लिए एक व्यापारिक मंच थी, बल्कि उनके प्रयासों को प्रदर्शित करने का भी एक अवसर था।
जिला पदाधिकारी नवीन कुमार ने सभी स्टॉलों का निरीक्षण किया और किसानों से संवाद स्थापित कर उनके प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की गतिविधियाँ किसानों को प्रेरित करती हैं और उन्हें अपने उत्पादों को बाजार में लाने का अवसर प्रदान करती हैं।
समापन समारोह में सम्मान
कार्यक्रम के समापन समारोह में बेहतर उत्पादन और कृषि नवाचारों के लिए किसानों को सम्मानित किया गया। इस सम्मान ने किसानों का मनोबल और आत्मविश्वास बढ़ाया। उन्होंने अपने काम को और बेहतर बनाने के लिए प्रेरणा ली और भविष्य में और अधिक मेहनत करने का संकल्प लिया।
इस कार्यक्रम ने सभी उपस्थित किसानों को एक नया दृष्टिकोण प्रदान किया और उन्हें यह विश्वास दिलाया कि सरकार उनके साथ है। इस तरह के आयोजनों से न केवल किसानों को लाभ होता है, बल्कि कृषि क्षेत्र में नवाचार और विकास की नई संभावनाएं भी खुलती हैं।
अंतर्राष्ट्रीय किसान दिवस के इस अवसर पर आयोजित मेला किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण प्लेटफार्म साबित हुआ। यह आयोजन न केवल कृषि के विकास के लिए आवश्यक संसाधनों और जानकारी को साझा करने का माध्यम बना, बल्कि किसानों की एकजुटता को भी प्रदर्शित किया।






